9.50 मिनट में पहुँच रही पुलिस, एक महीने में 21,750 शिकायतों का हुआ निपटारा
रांची: झारखंड में आपातकालीन सेवाओं को नई रफ्तार मिली है। राज्य में संचालित ‘डायल-112’ सेवा आम जनता के लिए बेहद प्रभावी साबित हो रही है। पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी मई महीने की समीक्षा रिपोर्ट के मुताबिक, पूरे राज्य में पुलिस का औसत रिस्पॉन्स टाइम मात्र 9 मिनट 50 सेकंड दर्ज किया गया है, जो संकट के समय नागरिकों को त्वरित सुरक्षा पहुँचाने की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि है।
21,750 मामलों में दिखी पुलिस की तत्परता
पुलिस मुख्यालय के आंकड़ों के अनुसार, मई के 31 दिनों में राज्यभर से कुल 21,750 ‘एक्शनएबल इवेंट्स’ यानी कार्रवाई योग्य शिकायतें प्राप्त हुईं। इन शिकायतों को सुलझाने के लिए पुलिस ने तकनीकी का सहारा लेते हुए 20,930 मामलों को तत्काल एमडीटी (MDT) टैब पर भेजा, जबकि बाकी 820 मामलों को मैनुअल तरीके से निष्पादित कर जनता को राहत पहुँचाई गई।
Post center
जिलों का प्रदर्शन: चतरा अव्वल, दुमका को सुधार की दरकार
रिपोर्ट में जिलों की कार्यशैली का भी खुलासा हुआ है। राज्य में सबसे मुस्तैद चतरा पुलिस रही, जिसने मात्र 8 मिनट 56 सेकंड का औसत रिस्पॉन्स टाइम दर्ज कराकर सबको पीछे छोड़ दिया। वहीं, राजधानी रांची में काम का दबाव सबसे अधिक रहा, जहाँ पुलिस को कुल 3,724 शिकायतें मिलीं और उनका औसत रिस्पॉन्स टाइम 10 मिनट 35 सेकंड रहा। दूसरी ओर, दुमका पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम 11 मिनट 05 सेकंड दर्ज किया गया, जो पूरे राज्य में सबसे धीमा है। इस पर प्रशासन ने चिंता जताते हुए भविष्य में रिस्पॉन्स टाइम को और बेहतर बनाने पर जोर दिया है।
डायल-112 की यह रिपोर्ट दर्शाती है कि तकनीक के सही उपयोग से झारखंड पुलिस अब अधिक सतर्क और सक्रिय हो गई है, जिससे राज्य में कानून-व्यवस्था का दायरा और मजबूत हुआ है।



